हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के हरोली विधानसभा क्षेत्र से एक बेहद दुखद और आक्रोश पैदा करने वाला मामला सामने आया है। बीती 3 अप्रैल की शाम, जब एक नाबालिग अपनी बहन के साथ दुकान से सामान लेकर घर लौट रही थी, तभी गांव के ही एक युवक ने रास्ते में उसे दबोच लिया। पीड़िता ने बहादुरी दिखाते हुए वहां से भागने की कोशिश की, लेकिन रास्ते में खड़े चार अन्य नकाबपोश युवकों ने उसे पकड़कर दोबारा उसी दरिंदे के हवाले कर दिया। वह युवक उसे पास के एक ट्यूबवेल पर ले गया, जहाँ मारपीट करते हुए उसके साथ दुष्कर्म जैसी घिनौनी वारदात को अंजाम दिया गया।
जुल्म की दास्तां यहीं खत्म नहीं हुई; घटना के अगले दिन जब पीड़िता घर से निकली, तो गांव के ही दो प्रभावशाली व्यक्तियों ने उसे रास्ते में रोक लिया। उन्होंने इंसाफ की आवाज को दबाने के लिए लड़की पर मामले को रफा-दफा करने का दबाव बनाया और धमकी दी कि यदि उसने मुंह खोला तो उसके पूरे परिवार को जान से मार दिया जाएगा।
हालांकि, पीड़िता ने डरने के बजाय कानून का सहारा लिया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत पोक्सो एक्ट (POCSO) और दुष्कर्म की धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। साथ ही, धमकी देने वाले दोनों व्यक्तियों के खिलाफ भी कानूनी शिकंजा कस दिया गया है। हरोली थाना प्रभारी सुनील संख्यान ने पुष्टि की है कि पीड़िता का मेडिकल करवा लिया गया है और फरार आरोपी युवक की तलाश में पुलिस जगह-जगह छापेमारी कर रही है।
By Vijay
