हिमाचल प्रदेश के पर्यटन स्थलों में कुदरत का अनोखा खेल देखने को मिल रहा है। जहाँ एक ओर कुफरी, अटल टनल, सिस्सू और धौलाधार की पहाड़ियों पर ताज़ा बर्फबारी से सैलानियों की लहर दौड़ गई है, वहीं शिमला और मनाली शहर अब भी पहली बर्फबारी को तरस रहे हैं। नए साल के जश्न में डूबे हजारों पर्यटकों के हाथ निराशा लगी है, क्योंकि विंटर सीजन का यह सूखा क्रिसमस के बाद अब जनवरी तक खिंच गया है। कोकसर और गोंदला में हल्की बर्फबारी रिकॉर्ड की गई है, लेकिन मुख्य शहरों में केवल बादल और हल्की बूंदाबांदी ही देखने को मिली।दिसंबर में टूटा 124 साल का रिकॉर्डमौसम विभाग के चौंकाने वाले आंकड़ों के अनुसार, दिसंबर 2025 में बारिश में 99% की कमी दर्ज की गई है। 1901 से अब तक यह छठा सबसे शुष्क दिसंबर रहा। जहाँ सामान्य तौर पर 38.1 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, वहां केवल 0.1 मिमी ही बादल बरसे।अगले एक हफ्ते का हाल: क्या अब गिरेगी बर्फ?अगर आप बर्फबारी की उम्मीद में बैग पैक कर रहे हैं, तो रुकिए! मौसम विभाग ने 2 से 7 जनवरी तक पूरे प्रदेश में मौसम साफ रहने का पूर्वानुमान लगाया है। फिलहाल बर्फ का इंतजार और लंबा होने वाला है। इसके साथ ही निचले इलाकों (सोलन, ऊना, मंडी) में घने कोहरे और शीतलहर का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है। शिमला में सीजन की सबसे ठंडी रात दर्ज की गई है, जहाँ न्यूनतम तापमान 4.7 डिग्री तक गिर गया है।
