हिमाचल प्रदेश के शिक्षा विभाग ने सेवारत शिक्षकों के लिए एक महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई शिक्षक बीएड कोर्स करना चाहता है, तो उसे नामांकन से पहले औपचारिक मंजूरी लेना अनिवार्य है। अक्सर यह देखा गया है कि शिक्षक कोर्स शुरू करने के बाद ‘कार्योत्तर स्वीकृति’ (Ex-post facto approval) की मांग करते हैं, लेकिन विभाग ने साफ कर दिया है कि नियमों में ऐसा कोई प्रावधान नहीं है। बिना पहले से ली गई मंजूरी के पूरी की गई डिग्री को सेवा लाभ या पदोन्नति के लिए वैध नहीं माना जाएगा।
आवेदन प्रक्रिया और महत्वपूर्ण समय-सीमा:सिरमौर जिले के स्कूल शिक्षा (प्राथमिक) उप निदेशक ने सत्र 2026-27 के लिए सी और वी (C & V) श्रेणी के पात्र शिक्षकों को आवेदन करने के निर्देश दिए हैं।
अंतिम तिथि: सभी योग्य शिक्षकों को अपने आवेदन 25 मार्च, 2026 तक ब्लॉक प्रोजेक्ट ऑफिसर या प्रधानाध्यापक के माध्यम से भेजने होंगे।
सख्त नियम: तय समय-सीमा के बाद मिलने वाले किसी भी आवेदन पर विचार नहीं किया जाएगा।सीमित कोटा: विभाग ने याद दिलाया है कि अनुमति की संख्या जिले की स्वीकृत क्षमता के केवल 1% (श्रेणीवार) तक ही सीमित रहेगी, इसलिए आवेदन करने मात्र से मंजूरी की गारंटी नहीं मिलती।
By Dhruv Sharma
