प्रधानमंत्री ग्रामीण सडक़ योजना के चौथे चरण के तहत, केंद्र सरकार ने 11 सितंबर 2024 को एक बड़ी पहल शुरू की है, जिसका उद्देश्य पूरे देश में सड़क मार्ग से वंचित 25,000 बस्तियों को साल भर कनेक्टिविटी प्रदान करना है। इस चरण को लागू करने के लिए, सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने ग्रामीण सडक़ सर्वे ऐप का उपयोग करके एक व्यापक सर्वे पूरा किया है। इस अखिल भारतीय सर्वे में कुल 51,343 बस्तियों की पहचान की गई, जिनमें से 40,547 बस्तियों को अस्थाई तौर पर सड़क कनेक्टिविटी के लिए योग्य माना गया है। मंत्रालय की टेक्निकल विंग, नेशनल रूरल इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट एजेंसी (NRIDA), वर्तमान में सर्वे रिपोर्ट की गहन जांच कर रही है और अब तक 30,129 बस्तियों का सत्यापन सफलतापूर्वक कर चुकी है, जबकि शेष बस्तियों के सत्यापन की प्रक्रिया जारी है। विशेष रूप से हिमाचल प्रदेश में, चौथे चरण के सर्वे के तहत 1,945 योग्य बस्तियों का सर्वे किया गया है। इसके अतिरिक्त, योजना के पहले चरण में हिमाचल प्रदेश की 429 बस्तियों को पहले ही 295 सडक़ परियोजनाओं के माध्यम से 1,538 किलोमीटर लंबी सड़कों से जोड़ा जा चुका है।
By Dhruv Sharma
