चम्बा-तीसा मार्ग पर चरस के साथ पकड़ी गई महिला के मामले ने अब नया मोड़ ले लिया है। महिला के मायके पक्ष ने उसके ससुराल वालों पर साजिश के तहत उसे फंसाने का आरोप लगाते हुए जिला उपायुक्त से निष्पक्ष जांच की मांग की है।हिमाचल प्रदेश के चम्बा जिले में हाल ही में चम्बा-तीसा सड़क पर 1 किलो 402 ग्राम चरस के साथ गिरफ्तार की गई महिला का मामला अब पेचीदा होता जा रहा है। इस घटना में एक नया मोड़ तब आया जब आरोपी महिला के मायके पक्ष ने चम्बा के उपायुक्त (डीसी) से मुलाकात कर उसकी बेगुनाही का दावा किया। महिला की मां और भाई का आरोप है कि उसे एक गहरी साजिश के तहत फंसाया गया है और इस पूरे षड्यंत्र के पीछे उसका पति अयूब, उसका जीजा और भाई शामिल हैं। परिजनों के अनुसार, आपसी रंजिश के चलते ससुराल पक्ष ने जानबूझकर महिला की स्कूटी में चरस छिपा दी थी ताकि उसे नशा तस्करी के झूठे केस में फंसाया जा सके।परिजनों ने प्रशासन को लिखित शिकायत सौंपते हुए स्पष्ट किया कि महिला का नशे के कारोबार से कभी कोई संबंध नहीं रहा है। उन्होंने आशंका जताई है कि यह सब उनके परिवार को बदनाम करने और महिला को रास्ते से हटाने के लिए किया गया है। पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन से इस मामले की निष्पक्ष और गहनता से जांच करने की अपील की है, ताकि असली गुनहगारों को बेनकाब किया जा सके और निर्दोष महिला को न्याय मिल सके। अब सभी की निगाहें पुलिस की आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं कि क्या जांच में साजिश के इस नए एंगल को शामिल किया जाएगा।
By Dhruv Sharma
