हिमाचल प्रदेश के किसान, बागवान और सैलानी जिस घड़ी का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे थे, वह अब करीब आ गई है। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, 30 दिसंबर से एक शक्तिशाली पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है, जो लंबे समय से चले आ रहे सूखे (Dry Spell) को खत्म कर देगा। इसका सबसे ज्यादा असर 31 दिसंबर और 1 जनवरी को देखने को मिलेगा, जब शिमला, मनाली, कुल्लू और चम्बा जैसे ऊंचाई वाले इलाकों में भारी बर्फबारी की संभावना है। खास बात यह है कि शिमला में बीते 4 सालों से दिसंबर के महीने में बर्फ नहीं गिरी है, लेकिन इस बार नए साल का स्वागत कुदरत सफेद चादर बिछाकर कर सकती है।
हालांकि, इस खूबसूरत मौसम के साथ प्रशासन ने ‘यैलो अलर्ट’ भी जारी किया है। 2 जनवरी तक मौसम खराब रहने के आसार हैं, जिसके बाद कड़ाके की ठंड और ‘कोल्ड वेव’ का प्रकोप बढ़ेगा। मैदानी इलाकों जैसे बिलासपुर, ऊना और हमीरपुर में घने कोहरे के कारण विजिबिलिटी कम रहने की चेतावनी दी गई है। वर्तमान में पारा शून्य से नीचे गिर चुका है, जहाँ लाहौल-स्पीति का कुकुमसेरी -5.4 डिग्री के साथ सबसे ठंडा स्थान बना हुआ है। यदि आप नए साल पर पहाड़ों का रुख कर रहे हैं, तो भारी ठंड और बर्फबारी के लिए तैयार रहें क्योंकि पहाड़ से लेकर मैदान तक पूरा प्रदेश ठिठुरन की चपेट में आने वाला है।
By Dhruv Sharma
